भले ही देश के कई राज्यों में कांग्रेस और अन्य पार्टियों के नेता बीजेपी का हाथ थाम रहे हों लेकिन पश्चिम बंगाल बीजेपी के अन्य राज्यों की तरह काबू में आता नहीं दिखता. यही कारण है कि अब बीजेपी सांसद अर्जुन सिंह ने कमल के फूल वाली पार्टी छोड़कर टीएमसी का हाथ थाम लिया है. ममता ने मोदी सरकार को यह बड़ा झटका दिया है. TMC में शामिल होने के बाद बीजेपी सांसद अर्जुन सिंह ने कहा कि जिस राजनीतिक दल में दूसरे की तरफ उंगली दिखाने की कोशिश की जाती है, उसी भाजपा में 2 सांसद TMC के आज भी वहां हैं जिन्होंने इस्तीफा नहीं दिया है। मैं उनसे निवेदन करूंगा कि वे दोनों सांसद इस्तीफा दें। मुझे एक घंटा नहीं लगेगा, मैं इस्तीफा दे दूंगा। उन्होंने कहा कि बंगाल भाजपा सिर्फ एयर कंडीशनर घर में बैठकर फेसबुक से बंगाल में राजनीति नहीं कर सकती। इसीलिए बंगाल भाजपा का दिन-प्रतिदिन ग्राफ गिर रहा है। ज़मीन स्तर पर राजनीति करना पड़ता है।
उधर तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने दक्षिण कोलकाता में अपने कार्यालय में अर्जुन सिंह का पार्टी में स्वागत किया। इसके बाद टीएमसी ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर कहा कि भाजपा फॉर बंगाल के पूर्व उपाध्यक्ष और बैरकपुर से सांसद, अर्जुन सिंह का अखिल भारतीय तृणमूल कांग्रेस परिवार में गर्मजोशी से स्वागत करते हैं। वह आज हमारे राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी की उपस्थिति में हमारे साथ शामिल हुए।
बता दें कि बीजेपी सांसद अर्जुन सिंह ने हाल ही में दिल्ली जाकर बीजेपी के उच्च पदाधिकारयों से मुलाकात कर उन्हें राज्य इकाई में चल रही अंदरूनी कलह के बारे में बताया था। इसके साथ ही जूट मिल का मुद्दा भी उठाया था। उन्होंने समस्या का समाधान न होने पर विरोध प्रदर्शन की चेतावनी दी थी। इतना ही नहीं जूट उत्पादन के मामले में केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल की नीतियों की आलोचना भी की थी। उन्होंने कहा था कि केंद्रीय कपड़ा मंत्रालय के एक फैसले से कच्चे जूट के मूल्य निर्धारण के कारण जूट श्रमिकों का नुकसान हो रहा है।। अर्जुन सिंह ने कपड़ा मंत्रालय के फैसले को मनमाना बताया था। ऐसे में माना जा रहा था कि वो किसी भी वक्त बीजेपी को झटका दे सकते हैं और आखिर में हुआ भी वैसा ही।