गुजरात में साल 2023 गरबा खेलते में हुए हार्ट प्रोब्लम के चलते करीब 40 लोगों की मौत के मामले सामने आए। जिनमें एक ही दिन में 10 लोगों की मौत से पूरा देश अचानक सदमें में आ गया। इनमें ज्यादातर लोग 35 साल से कम उम्र के थे। ऐसे में जब भी नवरात्रि में गरबा खेलें तो सोच समझकर खेलें। गरबा खेलते समय हार्ट अटैक का खतरा अधिक हो सकता है क्योंकि यह एक अत्यधिक एनर्जेटिक और फिजिकल एक्टिविटी है, जो कई घंटों तक लगातार चल सकती है। जो लोग फिट नहीं हैं, या जिन्हें पहले से हृदय संबंधी समस्याएं हैं, उनके लिए यह एक्टिविटी खतरनाक हो सकती है। सही तैयारी और सावधानी बरतकर आप गरबा का आनंद ले सकते हैं और हार्ट अटैक जैसी गंभीर समस्याओं से बच सकते हैं।
प्रमुख कारण:
हार्ट अटैक के प्रमुख कारण:
अचानक शारीरिक तनाव: गरबा खेलते समय शरीर को अचानक से बहुत ज्यादा ऊर्जा की जरूरत होती है। अगर शरीर इस शारीरिक तनाव के लिए तैया...
जयपुर। मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा के ‘विकसित राजस्थान’ के संकल्प को पूर्ण करने की मंशा से राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टर्स मीट के जिला स्तरीय समिट का शुक्रवार को डूंगरपुर जिले में आयोजन हुआ जिसमें 63 उद्यमियों ने 1149.23 करोड़ रूपये के निवेश के लिए एमओयू किए।
जिला प्रशासन, उद्योग विभाग तथा रीको के संयुक्त तत्वाधान में एक होटल में आयोजित कार्यक्रम में जिला कलक्टर श्री अंकित कुमार सिंह, प्रदेश महामंत्री लघु उद्योग भारती राजस्थान श्री योगेंद्र शर्मा, प्रवासी राजस्थानी उद्यमी श्री विनोद जोशी उपस्थित रहे।
जिला कलक्टर श्री अंकित कुमार सिंह ने जिले में बड़े स्तर पर इन्वेस्टमेंट के लिए किए एमओयू के लिए निवेशकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि निवेश को बढ़ावा देने तथा जिले में विकास को नए आयाम देने के लिए प्रशासन औद्योगिक इ...
राजस्थान के ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने गुरुवार को ग्रेटर नोएडा में आयोजित "रिन्यूएबल एनर्जी इंडिया एक्सपो" का उद्घाटन किया। इस एक्सपो में राजस्थान सोलर एसोसिएशन द्वारा आयोजित "अग्रणी राजस्थान" प्रदर्शनी और कार्यक्रम का भी शुभारंभ किया गया।
उद्घाटन समारोह में मंत्री नागर ने राज्य की सौर ऊर्जा उत्पादन क्षमता के बारे में जानकारी साझा करते हुए कहा कि राजस्थान क्षेत्रफल के मामले में देश का सबसे बड़ा राज्य है, जो सोलर ऊर्जा प्रोजेक्ट लगाने के लिए असीम संभावनाएं रखता है। उन्होंने बताया कि राज्य में वर्तमान में 22,000 मेगावाट सोलर ऊर्जा का उत्पादन हो रहा है, जबकि इसका केवल 5,000 मेगावाट उपयोग हो रहा है। शेष सरप्लस ऊर्जा अन्य राज्यों को उपलब्ध कराई जा रही है।
मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री का 500 गीगावाट का लक्ष्य पूरा करने के लिए 250 गीगावाट सोलर ऊर्जा का राजस्थान में उत...
सुप्रीम कोर्ट ने पराली जलाने के मामले में कड़ी सख्ती दिखाते हुए संबंधित अधिकारियों और प्रदूषण नियंत्रण समिति के एक्सपर्ट्स से सवाल किया है कि अब तक पराली जलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई क्यों नहीं की गई। अदालत ने वायु प्रदूषण की गंभीरता को देखते हुए यह चिंता जताई कि इसके बावजूद किसानों द्वारा पराली जलाने की घटनाओं में कमी क्यों नहीं आ रही है।
पराली जलाने से हर साल खासकर उत्तर भारत में वायु प्रदूषण गंभीर स्तर पर पहुंच जाता है, जिससे दिल्ली-एनसीआर सहित कई राज्यों में हवा की गुणवत्ता खतरनाक स्तर पर पहुंच जाती है। सुप्रीम कोर्ट का कहना है कि पराली जलाने पर लगाम लगाने में नाकामी प्रदूषण के स्तर को नियंत्रित करने में सबसे बड़ी चुनौती बनी हुई है। इस मामले में कोर्ट ने संबंधित अधिकारियों से जवाबदेही तय करने की बात कही।
हालांकि, वायु प्रदूषण के मुद्दे पर आज सुनवाई टाल दी गई, लेकिन अदालत ने...
नई दिल्ली (अंजली दाधीच)। इज़राइल और हिज़बुल्लाह के बीच तनाव लंबे समय से चले आ रहे क्षेत्रीय, राजनीतिक, और धार्मिक संघर्षों का परिणाम है। हिज़बुल्लाह, लेबनान आधारित एक शिया मुस्लिम संगठन और इज़राइल के बीच टकराव कई दशकों पुराना है। इस संघर्ष की जड़ें 1980 के दशक में मिलती हैं, जब इज़राइल ने लेबनान पर आक्रमण किया था। तब से लेकर आज तक यह तनाव विभिन्न कारणों से समय-समय पर उभरता रहा है।
1. 1982 का इज़राइल-लेबनान संघर्ष
हिज़बुल्लाह का गठन 1982 में हुआ था, जब इज़राइल ने दक्षिणी लेबनान पर कब्ज़ा कर लिया था। हिज़बुल्लाह का मुख्य उद्देश्य इज़राइल की सेना को लेबनान से बाहर निकालना और इज़राइल के खिलाफ एक प्रतिरोधी शक्ति के रूप में उभरना था। इस संगठन को ईरान और सीरिया का समर्थन प्राप्त है, जो इज़राइल के साथ इसके संघर्ष को और जटिल बनाता है।
2. क्षेत्रीय प्रभुत्व की लड़ाई
हिज़बुल्लाह को ईरान...
भ्रष्टाचार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए भजनलाल सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। भ्रष्टाचार के प्रति अपनी 'जीरो टॉलरेंस' नीति पर अमल करते हुए, सरकार ने एसीबी (भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो) की कार्रवाई के बाद आईएएस अधिकारी राजेंद्र विजय को एपीओ (अपेक्षित प्रतीक्षा आदेश) कर दिया है। यह कार्रवाई एसीबी द्वारा की गई कार्रवाई के बाद सामने आई, जहां आईएएस विजय पर पद के दुरुपयोग और आय से अधिक संपत्ति के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया था।
कोटा संभागीय आयुक्त के पद का अतिरिक्त चार्ज
राजेंद्र विजय के एपीओ किए जाने के बाद, कोटा संभागीय आयुक्त के पद का अतिरिक्त कार्यभार कोटा के कलेक्टर रविंद्र गोस्वामी को सौंपा गया है। सरकार के इस फैसले को एक महत्वपूर्ण संदेश के रूप में देखा जा रहा है, जो यह दर्शाता है कि भ्रष्टाचार के मामलों में कोई भी व्यक्ति, चाहे वह कितना भी ऊंचे पद पर हो, बच नहीं सकता।
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नई दिल्ली (अंजली दाधीच)। रूस-यूक्रेन संघर्ष 2022 में शुरू हुआ था, और तब से यह संकट वैश्विक राजनीति, अर्थव्यवस्था और अंतर्राष्ट्रीय संबंधों पर गहरा प्रभाव डाल रहा है। इस संघर्ष ने न केवल यूरोप, बल्कि दुनिया भर में बड़े आर्थिक और सामाजिक बदलावों को जन्म दिया है।
ऊर्जा संकट और वैश्विक अर्थव्यवस्था
रूस दुनिया का सबसे बड़ा ऊर्जा निर्यातक देश है, और यूक्रेन यूरोप को गैस पहुंचाने वाले महत्वपूर्ण मार्गों में से एक है। संघर्ष के कारण रूस पर लगाए गए आर्थिक प्रतिबंधों और यूरोप में रूसी गैस की आपूर्ति में कटौती से वैश्विक ऊर्जा संकट गहरा गया है। इसके परिणामस्वरूप कच्चे तेल और गैस की कीमतों में तेज़ी से वृद्धि हुई, जिससे वैश्विक मुद्रास्फीति दर बढ़ी और आर्थिक अस्थिरता पैदा हुई। यूरोप को विशेष रूप से सर्दियों में ऊर्जा आपूर्ति के संकट का सामना करना पड़ा, जिससे कई देशों को वैकल्पिक ऊर्जा...
जयपुर। राजस्थान एंटी-करप्शन ब्यूरो (ACB) ने कोटा संभागीय आयुक्त राजेंद्र विजय के कोटा, जयपुर और दौसा स्थित ठिकानों पर छापेमारी की कार्रवाई की है। यह कार्रवाई बुधवार सुबह 7 बजे से प्रारंभ हुई, जिसमें आय से अधिक संपत्ति के मामले में दर्ज शिकायत के आधार पर तलाशी की जा रही है। एसीबी के महानिदेशक रवि प्रकाश मेहरड़ा के निर्देशन में यह छापा मारा गया, और कार्रवाई की मॉनिटरिंग उपमहानिरीक्षक (DIG) कालूराम रावत की टीम द्वारा की जा रही है।
इस छापेमारी में एसीबी की अलग-अलग टीमें कोटा, जयपुर और दौसा के विभिन्न स्थानों पर पहुंचीं। जयपुर में तारों की कूट स्थित उनके आवास, कोटा में सरकारी आवास और दफ्तर के अलावा, दौसा के दुब्बी गांव स्थित उनके पैतृक घर को भी शामिल किया गया है। तलाशी के दौरान संपत्ति के दस्तावेज, बैंक खाते, और लॉकरों से संबंधित जानकारी एकत्रित की जा रही है। दौसा में उनके पैतृक घर को सील कर...
नई दिल्ली । इजरायल और लेबनान के बीच संघर्ष से पूरी दुनिया चिंतित है। इन दोनों देशों का इतिहास जटिल और गहरा है, जो कई दशकों से जारी है। इस युद्ध के संभावित दूरगामी परिणाम न केवल इन दोनों देशों पर, बल्कि सम्पूर्ण मध्य पूर्व और वैश्विक राजनीति पर भी महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकते हैं। एक तरफ रूस यूक्रेन युद्ध तो दूसरी तरफ इजरायल लेबनान युद्ध ने पूरी दुनिया एक और युद्ध की मुहाने पर खड़ा कर दिया है। शुरूआत में इस बात की कल्पना भी नहीं की गई थी कि इजरायल-हमास युद्ध के बीच अब इजरायल और लेबनान युद्ध की शुरुआत भी हो जाएगी। जिस तरह लोगों की जान जा रही है, दोनों तरफ बेकसूर महिलाएं, युवा और बच्चे मारे जा रह हैं जानकार मानते हैं कि एक और लंबी जंग दस्तक दे चुकी है। ऐसे में भले ही जंग तो लेबनान और इजरायल के बीच में हो लेकिन करीब चार हजार किलोमीटर दूर स्थित भारत भी चिंता में है। भारत इसे संभावित एक बड़े आर्थि...
- रोहिंग्याओं के खिलाफ विधायक गोपाल शर्मा ने छेड़ी मुहिम
- सिविल लाइंस विधायक गोपाल शर्मा ने किए बस्तियों के दौरे
जयपुर। राजधानी में लगातार बढ़ रही अवैध बस्तियों और उनमें रोहिंग्याओं के रहने की शिकायतों को लेकर बुधवार को विधायक गोपाल शर्मा ने जायजा लिया। इस दौरान बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता और पदाधिकारी साथ थे।
विधायक शर्मा ने कहा कि घुसपैठियों को जयपुर वासियों का हक नहीं छीनने देंगे। अतिक्रमण कर अवैध रूप से कुछ लोग रोहिंग्याओं को बसा रहे हैं ताकि उनका वोट बैंक मजबूत हो। ऐसे प्रयास निजी स्वार्थ के कारण शहर में अराजकता को बढ़ावा देने की साजिश है। भाजपा सरकार ऐसे मंसूबों को कामयाब नहीं होने देगी।
विधायक गोपाल शर्मा ने बुधवार को सिविल लाइंस क्षेत्र की बस्तियों के दौरे किए और रोहिंग्या बसावट वाले इलाके गुर्जर की थड़ी क्षेत्र में गोपी विहार, सुल्तान नगर, ...