India

बीजेपी में नहीं जा रहा, गहलोत और उनके दोस्तों ने राहुल के अध्यक्ष पद से हटने के बाद मेरे खिलाफ मोर्चा खोला, तभी से मेरे लिए आत्मसम्मान मुश्किल हो गया: पायलट

जयपुर. सचिन पायलट ने राजस्थान के सियासी घटनाक्रम पर कांग्रेस सरकार द्वारा उनके खिलाफ लिए गए एक्शन पर चुप्पी तोड़ी. देश की एक बड़ी न्यूज एजेंसी और एक बडे मीडिया हाउस से बात करते हुए साफ कहा कि 'वो सौ बार कह चुके हैं कि वो बीजेपी में नहीं जा रहे हैं.' गौरतलब है कि पायलट खेमे पर लगातार बगावत के आरोप लगने के बीच मंगलवार को उनके और उनकी टीम के खिलाफ बडे एक्शन लिए गए जिसके बाद पहली बार पायलट ने खुलकर अपने मन की यह बात कही.साथ ही कहा कि 'राहुल गांधी ने जब से इस्तीफा दिया है तभी से गहलोत और उनके ऑल इंडिया कांग्रेस कमेटी के दोस्तों ने मेरे खिलाफ मोर्चा खोल लिया. तभी से मेरे लिए आत्मसम्मान मुश्किल हो गया.' सचिन पायलट ने कहा कि मुझपर आरोप लग रहे हैं कि मैं भाजपा के साथ मिलकर सरकार गिराना चाहता हूं.भाजपा से मिलकर सरकार गिराने की बात करना गलत है.   उधर कांग्रेस ने राजस्थान...

राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की प्रदेश कार्यकारिणी, समस्त विभाग, प्रकोष्ठ तत्काल प्रभाव से भंग

जयपुर. राजस्थान में सियासी उठापटक के बीच एक और बड़ी खबर आई है. सचिन पायलट को जैसे ही उप मुख्यमंत्री और राजस्थान प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष पद से कांग्रेस सरकार ने हटाया उसके बाद में करीब 300 से ज्यादा कांग्रेस पदाधिकारियों के राजस्थान में इस्तीफे हो गए. जिनमें 30 से ज्यादा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी थे. इतना ही नहीं युवा कांग्रेस, एनएसयूआई और कांग्रेस सेवादल, महिला कांग्रेस के भी प्रमुख पदों से पायलट समर्थकों ने इस्तीफे दे दिए. इसी बीच एक बड़ी खबर आई है कि अब राजस्थान प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव आविनाश पांडे ने राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की प्रदेश कार्यकारिणी, समस्त विभागों, प्रकोष्ठ को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है. आविनाश पांडे ने बताया कि राजस्थान प्रदेश कांग्रेस के नए अध्यक्ष की नियुक्ति के साथ ही नए प्रदेश कार्यकारिणी, विभागों...

सचिन पायलट का रुख 'आ बैल मुझे मार' वाला था, अशोक गहलोत ने कही यह 10 बड़ी बातें

जयपुर. राजस्थान की सियासत में कांग्रेस के पायटल हाथ से निकल गए. उनके साथ कांग्रेस के कई दिग्गज नेता भी कांग्रेस को अलविदा कह गए. संगठन में भी इस्तीफों का दौर चालू हो गया. इस बीच पायलट को उप मुख्यमंत्री, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष और मंत्री पद से हटाने के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत गहलोत की पहली प्रतिक्रिया आई और उन्होने कहा कि सचिन पायलट का रुख 'आ बैल मुझे मार' वाला था. पायटल के साथ सरकार के दो दिग्गज मंत्रियों रमेश मीणा और विश्वेन्द्र सिंह को भी मंत्रीमंडल से हटा दिया गया. गहलोत ने BJP के साथ इन पर भी निशाना साधा. इस पूरे सियासी घटनाक्रम के बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राज्यपाल से मुलाकात के बाद कहा कि हाईकमान को यह फैसला लेने के लिए मजबूर होना पड़ा क्योंकि लंबे समय से बीजेपी साजिश रच रही थी और खरीद-फरोख्त का सहारा ले रही थी. उधर इस पूरे सियासी घटनाक्रम में राज्यपाल से मुलाकात के...

सचिन पायलट सभी पदों से हटाए गए, गहलोत कैबिनेट से समर्थकों की भी छुट्टी

जयपुर. राजस्थान की सियासत में बडी हलचल हुई है सरकार से बगावत करने वाले सचिन पायलट और उनकी टीम के खिलाफ बडा एक्शन लिया गया है. विधायक दल की बैठक में अनुशासनात्मक कार्रवाई का प्रस्ताव पास होने के बाद पायलट खेमे के खिलाफ बडी कार्रवाई की गई. इस बैठक में अशोक गहलोत, केसी वेणुगोपाल, अजय माकन, रणदीप सुरजेवाला सहित कई विधायक मौजूद रहे. - राजस्थान में सियासी उठापट के बीच कांग्रेस सरकार ने विधायक दल की बैठक के बाद उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट को पद से हटाने की घोषणा. - पायलट कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष पद से हटाते हुए शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा को नया प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बनाने की घोषणा की. - पायलट खेमे में लगातार सक्रिय रहे मंत्री रमेश मीणा और मंत्री विश्वेन्द्र सिंह को भी मंत्री पद से हटा दिया गया. - पायलट खेमे में मौजूद कांग्रेस सेवादल के मुख्य संगठक और विधायक राकेश पारीक को भी सेवा...

सियासी संकट के बीच गहलोत ने दिखाई ताक़त, अब सचिन पायलट के दावे पर सवाल, इनकम टैक्स विभाग की 'सियासी एंट्री'

जयपुर. राजस्थान में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नेतृत्व वाली सरकार पर से फिलहाल संकट टल गया है, यहां सत्ता में बने रहने के लिए जो नम्बर गेम गहलोत को चाहिए वो फिलहाल उनके पास नजर आ रहा है. बावजूद इसके सरकार को अस्थिर करने की साजिशें अभी भी सक्रिय मानी जा रही है. ऐसे में गहलोत ने आलाकमान से हरी झण्डी मिलने के बाद फिर से कांग्रेस और समर्थित निर्दलीय विधायकों की बाड़ेबंदी का फैसला किया है. होटल फेयरमाउंट में इस बाड़ेबंदी की व्यवस्था की गई है. अशोक गहलोत के निवास पर आयोजित कांग्रेस विधायक दल की बैठक में करीब 107 विधायक इस बैठक में शामिल हुए. सरकार में बने रहने के लिए अशोक गहलोत को 101 विधायकों का समर्थन चाहिए. गहलोत सरकार के मंत्रियों ने दावा किया है कि उनके पास 109 विधायकों का समर्थन है. इसके बाद पायलट का दावा कितना सच है इस पर सवाल उठा है. पायलट ने अपने पास तीस विधायकों का समर्थन होने और सरकार ...

सचिन पायलट ने कहा उनके पास 30 विधायकों का समर्थन, गहलोत सरकार अल्पमत में

जयपुर. देश की सियासत की इस वक्त की सबसे बड़ी खबर यह है कि राजस्थान के उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट ने अशोक गहलोत सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है और साफ कहा है कि सोमवार की सुबह होने वाली विधायक दल की बैठक में वह शामिल नहीं होंगे. क्योंकि उनके पास में 30 विधायकों का समर्थन है. इसमें कांग्रेस की और निर्दलीय विधायक भी शामिल है. ऐसे में गहलोत सरकार अल्पमत में है. सचिन पायलट का यह मैसेज उनके को ऑफिशियल व्हाट्सएप ग्रुप में उनकी टीम के द्वारा डाला गया है. इस पूरे बयान के बाद में ना केवल राजस्थान में बल्कि पूरे देश में  कांग्रेस के सियासी हलकों में बगावत के सुर तेज होते दिखाई दे रहे हैं.सचिन पायलट ने साफ कह दिया है कि उनके पास 30 निर्दलीय और कांग्रेसी विधायकों का समर्थन है. राजस्थान में कांग्रेस सरकार में इस फूट की खबर के बाद BJP खासी उत्साहित है, तो अशोक गहलोत कैंप में भगदड़ मच गई ह...

महान अभिनेता अमिताभ बच्चन को हुआ कोरोना, नानावटी अस्पताल में भर्ती, अभिषेक बच्चन भी आए चपेट में

मुम्बई. बॉलीवुड (Bollywood) के महान अभिनेता अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) भी कोरोनावायरस से संक्रमित हो गए हैं. उन्हें शनिवार शाम मुंबई (Mumbai) के नानावटी अस्पताल (Nanavati Hospital) में भर्ती कराया गया है. बिग बी ने खुद ट्वीट कर इसकी जानकारी दी है. उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, "मेरी कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई है. मुझे अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है. अस्पताल अधिकारियों को सूचित कर रहा है. परिवार और कर्मचारियों का भी टेस्ट हुआ है, परिणाम की प्रतीक्षा की जा रही है. पिछले 10 दिनों में मेरे साथ जुड़े सभी लोगों से अनुरोध है कि कृपया खुद की जांच करा लें!" उधर बॉलीवुड के महान अभिनेता अमिताभ बच्चन के साथ ही उनके बेटे फ़िल्म अभिनेता अभिषेक बच्चन भी कोरोना संक्रमित हो गए हैं. दोनों के जल्द स्वस्थ होने की पूरे देश में होने लगी दुआएं. पूरे परिवार का कोरोना टेस्ट किया गया. स्टाफ के भी ...

सरकार गिराने के लिए विधायकों को 10 करोड़ एडवांस, 15 करोड़ सरकार गिरने के बाद के दिए जा रहे ऑफर : अशोक गहलोत

यह भी पढ़ें: राजस्थान में विधायकों की खरीद फरोख्त की सियासत परवान पर, दो गिरफ्तार, हो सकते हैं बड़े खुलासे   जयपुर. सियासत में चल रही उठापटक के बीच राजस्थान की कांग्रेस सरकार को अस्थिर करने के लिए विधायकों की खरीद-फरोख्त की कोशिशों के आरोप के बीच राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बीजेपी पर खुलकर निशाना साधा और साफ किया कि पूरे पांच साल कांग्रेस की सरकार चलेगी और अगला चुनाव भी कांग्रेस ही जीतेगी जिसकी तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं. बता दें राज्य विधानसभा में कुल 200 विधायकों में से कांग्रेस के पास 107 विधायक और भाजपा के पास 72 विधायक हैं. राज्य के 13 में से 12 निर्दलीय विधायकों का समर्थन भी कांग्रेस को है. बावजूद इसके प्रदेश में सरकार को अस्थित करने की साजिशों का खुलासा हो रहा है. इस मामले में जहां एसओजी ने भाजपा से जुड़े दो लोगों का गिरफ्तार कर लिया है वहीं एसीबी ने भी तीन निर्...

विधायकों की खरीद फरोख्त मामले में राजस्थान के 3 MLA की एसीबी करेगी जांच

जयपुर. राजस्थान के इतिहास में विधायकों की खरीद फरोख्त का यह 'द ग्रेट इंडियन पॉलिटिकल ड्रामा' इस वक्त परवान पर है. राजस्थान में विधायकों की खरीद फरोख्त के मामले में तीन निर्दलीय विधायकों की एसीबी जांच की जाएगी. इन तीनों विधायकों पर डूंगरपुर और बांसवाड़ा जैसे राजस्थान के आदिवासी इलाकों में विधायकों को प्रलोभन देकर खरीद फरोख्त करने का आरोप है. इस मामले में एसीबी ने प्राथमिक जांच के लिए PC एक्ट के तहत जांच का निर्णय लिया है. एक तरफ जहां राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत लगातार विरोधी और अज्ञात ताकतों पर उनकी सरकार गिराने का आरोप लगा रहे थे वहीं अब एक-एक कर नाम भी सामने आने लगे हैं जिन पर इस साजिश में शामिल होने का आरोप है. इनमें नीर्दलीय विधायक खुशवीसर सिंह, सुरेश टांक, ओमप्रकाश हुडला की जांच की जाएगी. आरोप है कि सरकार को अस्थिर करने की दिशा में तीनों ही विधायकों ने लगातार विध...

राजस्थान में विधायकों की खरीद फरोख्त की सियासत परवान पर, दो गिरफ्तार, हो सकते हैं बड़े खुलासे

जयपुर. राजस्थान की राजनीतिक में बड़ा राजनीतिक उबाल देखने को मिल रहा है, गहलोत सरकार को गिराने की साजिशों पर रोज नए अपडेट आ रहे हैं वहीं अब राजस्थान की सियासत मे एक बार फिर से हलचल मच गई है. राजस्थान में गहलोत सरकार (Gehlot Government) को गिराने की साजिश करने वाले दो आरोपियों को एसओजी ने शुक्रवार को एफआईआर दर्ज करने के बाद बाद गिरफ्तार कर लिया है. इनमें उदयपुर के अशोक सिंह चौहान और ब्यावर के भारत भाई नाम के दोनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरु कर दी गई है. कई बडे खुलासे होने की उम्मीद इसमें जताई जा रही है. इसको लेकर कई नेताओं के फोन भी टैप हो रहे थे. मोबाइल नम्बर 9929229909 और 8949065678 वो नम्बर हैं जो खरीद फरोख्त के मामले में सामने आए हैं. उधर एसओजी इस पूरे मामले में शिकायत करने वाले कांग्रेस विधायक और मुख्य सचेतक महेश जोशी से भी पूछताछ करेगी. दरअसल पिछले दिनों राज्यसभा चुनावो के...